main newsएनसीआरगाजियाबादग्रेटर नॉएडाग्रेटर नॉएडा वेस्टनोएडा

कुत्ता प्रेमी ट्रोल्स को कुत्ते काटने के समाचारो को छापने पर आपत्ति क्यूँ, जानिए कुत्ता प्रेमी ट्रोल्स के कुतर्को ओर तथ्यो की जानकारी

चाय से ज्यादा केतली गरम होंने की कहावत आपने सुनी होगी ऐसा ही मामला कुत्तो ओर कुत्ता प्रेमी गैंग के कुत्ता प्रेमी ट्रोल्स की है I वैसे तो इन लोगो को कुत्तो के समर्थन मे किसी किसी वयक्ति तो छोड़ो 7 महीने के मासूम कि मौत भी भयावह नहीं लगती है लेकिन इनको मीडिया मे आवारा ओर पालतू कुत्तो द्वारा लोगो को काटने की घटनाओ की रिपोर्टिंग पर भी आपत्ति है I ये ट्रोल्ल्स लगातार मीडिया ओर कुत्तो से पीड़ित लोगो या कुत्तो के काटने की घटनाओ को उठा रहे सामाजिक कार्यकर्ताओ को सोशल मीडिया पर प्रताड़ित करते है बल्कि उनको धर्म के आधार पर भी अपराधी ठहराने की जबरन कोशिश करते है I बीते दिनो 7 महीने के बच्चे की कुत्तो द्वारा ह्त्या के बाद दो कुत्ता प्रेमियो की बात चीत सुन कर लोगो को लगा कि उनको बच्चे कि म्रत्यु पर नहीं कुत्तो की मासूमियत की ज्यादा चिंता थी वो कुत्तो को बच्चे कह कर संबोधित कर रही थी ओर बच्चे को कामवाली का बच्चा I

कुत्त प्रेमी ट्रोल्स कि आर्मी के पीछे वही कुत्ता प्रेमी गैंग है जो सोसाइटी मे कुत्तो को रखने कि वकालत करते है I ये कई बार फ़ेक प्रोफ़ाइल भी होते है जो सोसाइटी मे कुत्तो के कारण किनारे किए जाने का गुस्सा भी लोगो पर निकालते है I इनके कुछ अजीबो गरीब कुतर्को की लिस्ट आप देखेंगे तो आप भी हैरान रेह जाएँगे I कुत्तो को लेकर इनेका कुतर्क ओर उस पर विशेषज्ञो के तथ्य

कुतर्क : कुत्ता जहां पैदा हो गया वहाँ से उसे कोई नहीं हटा सकता

तथ्य : कुत्तो हो या कोई भी जानवर अगर वो सामाजिक विकास मे बाधक है तो हटाया जाना चाहिए

कुतर्क : कुत्ता स्वयं नहीं काटता है उसको प्रोवोग किया जाता है तभी वो हमला करता है

तथ्य : कुत्तो के काटने का कोई विशिष्ट कारण नहीं होत है I कुत्ता एक शिकारी जानवर है, पिटबुल, जर्मन शेफार्ड, डाबरमैन जैसी कई प्रजातिया तो इसके लिए प्रसिद्द है I 7 महीने का लेटा हुआ बच्चा या सड़क पर चलता हुआ आदमी किस तरह से कुत्तो को प्रोवोग कर सकता है ये समझ से परे है ये कुतर्क वैसे ही है जैसे बलात्कार के लिए महिलाओ के कम कपड़ो को दोषी बताया जाता है I

Also Read:  ग्रेटर नोएडा वेस्ट : रेडिकान वेदांतम सोसाइटी में 2 आवारा कुत्तों ने किया बुजुर्ग पर आक्रमण

ब्रिटेन में बीमार जानवरों के एक जाने-माने अस्पताल में पशु चिकित्सक सीन वेन्सली कहते हैं कि अगर कुत्ते खुद के लिए ख़तरा महसूस करते हैं तो वो आक्रामक हो जाते हैं I यहाँ ये समझना आवशयक है कि आप कुत्तो को मारे या नहीं अगर वो महसूस करते हैं तो भी आक्रामक हो जाते है I खतरा लिफ्ट या क्लोज्ड एरिया मे रहने से भी हो सकता है

सीन वेन्सली कहते हैं, “कुत्ते के काटने के कई कारण हो सकते हैं जिनमें डर, अपनी पसंदीदा चीज़, या अपने आराम करने की जगह या अपना बिस्तर बचाने की कोशिश में भी ये जानवर काट सकते हैं”

कुत्तों के व्यवहार का अध्ययन करने वालीं डॉग ट्रेनर कैरोलिन मेन्तीथ कहती हैं कि कुत्ते अधिकतर छुट्टियों के मौसम में लोगों को काटते हैं I कुत्ते कई बार मेहमानों से भरे घर, इधर-उधर भागते बच्चे और ज़रूरत से कम चलने पर भी कुत्ते बोर हो सकते हैं और सोचना बंद कर देते हैं ओर आक्रामक होकर भी काट लेते है

कुतर्क : कुत्तो को कहीं भी खाना देना कुत्ता प्रेमियो का अधिकार है

तथ्य : कुत्ता प्रेमी आम लोगो के चलने वाले रास्तो पर खाना नहीं दे सकते है I

कुतर्क : कुत्तो की रहने की जगह पर लोगो ने सोसाइटी बनाई है इसलिए सोसाइटी तोड़ दो लेकिन कुत्ते मत हटाओ

तथ्य : किसी भी अध्होगिक शहर के विकास के लिए पहले ज़मीन अधिग्रहण किया जाता है I जिसमे वहाँ से आदमी ओर जानवर सबको हटाया जाता है I ऐसे मे सोसाइटी तोड़ने के कुतर्क ना सिर्फ हास्यपाद हैं बल्कि बेशर्मी भी है I

कुतर्क : कुत्ता पालना हिन्दू धर्म मे आता है, वो काल भैरव की सवारी है

Also Read:  ग्रेटर नोएडा वेस्ट की सोसाइटिओ में आईजीएल की सर्विसेज बाधित, रात के खाने के समय लोग हुए परेशान

तथ्य : कुत्ता पालना हिन्दू धर्म मे कहीं नहीं आता है, हाँ ये सच है कि धार्मिक आधार पर घर मे कुत्ता पालना अशुभ माना जाता है I कुत्ता काल भैरव की सवारी का तर्क भी धार्मिक कुतर्क है क्योंकि चूहे भी भगवान गणेश की सवारी है ऐसे मे अगर चूहे या कुत्ते मानव सभयता के लिए परेशानी का सबब बनते है तो उनको हटाया या मारा जाना गलत नहीं होता I बीते दिनो केरल मे भी कुत्तो के आतंक पर उनको साम्हुहिक ह्त्या की मांग की गयी है

कुतर्क : आवारा कुत्तो के आतंक पर बोलने वाले कुत्ता हेटर है उनसे नफरत करते है

तथ्य : आवारा कुत्तो को आवासीय या सेक्टर से हटा कर किसी शेल्टर होम की मांग करने वाले उनके हेटर नहीं बल्कि उनके सच्चे प्रेमी है क्योंकि आवारा कुत्ते जब सडको पर या सोसाइटी मे भूखे रहते है तो जायदा परेशान होते है इसलिए उनके लिए शेल्टर ही बेहतर स्थान है I

कुतर्क : लोग आवारा कुत्तो से नफरत करते है

तथ्य : लोग कुत्तो से नहीं कुत्ता प्रेमी गैंग ओर ट्रोल्स से परेशान होते है I जिनहोने अपने बचाव मे जानवर को मारने कि घटनाओ को भी पुलिस मे रिपोर्ट करके लोगो को जेल तक भिजवा दिया ओर कई बार तो ऐसे हरकतों पर पुलिस तक को सोशल मीडिया पर ट्रोल किया है I गैंग कि महिलाए साल भर, सातों दिन ओर 24 घंटे एजेंडे के तहत आम लोगो के लिए समस्याए खड़ी करती है ओर कई बार लोगो पर रेप, छेड़छाड़ जैसे झूठे आरोप लिखा कर मुकदमे भी करती है I जिसमे बाद मे पुलिस कि जांच मे सारा सच सामने आता है I

Also Read:  निराला एस्पयार में लिफ्ट पर फिर उठे सवाल : खराब लिफ्ट में फंसा 8 वर्षीय बच्चा, गार्ड भी गायब

कुतर्क : एडबल्यूबीआई (AWBI ) कुत्ता संबंधी आदेश/निर्देश जारी करती है ओर उनको मानना ज़रूरी है

तथ्य : एडबल्यूबीआई (AWBI ) पशुपालन व दुग्ध विकास (Animal Husbandry and Dairying) के अंतर्गत आता है जो सिर्फ पशु पालन से संबधित सिफ़ारिश कर सकता है I उनको मानना या नहीं मानना सरकारो ओर नियमकों के लिए अनिवार्य नहीं है I ओर हाँ एडबल्यूबीआई मुख्यत पशुओ के लिए हैं जो दूध देते है कुत्ता इसमे बीते 2 दशक मे शामिल किया गया जिसको अब हटाने का समय आ गया है I

कुतर्क : कुत्ता प्रेमी पशु प्रेमी शाकाहारी होते है

तथ्य : शाकाहार का मतलब कुत्ता पालना नहीं है, कुत्ता पालने वाले लोग कुत्तो के लिए, अंडे, मुर्गे ओर बकरे का मांस लाकर खिलाते है ऐसे मे खुद को पशु प्रेमी होने का दावा सिर्फ एक दिखावा है I

कुतर्क : कुत्ते भी प्रक्र्ति के चक्र का हिस्सा है इसलिए उनको शहरो या सोसाइटी से नहीं हटाया जाना चाहिए

तथ्य : कुत्ते या कोई भी जानवर प्रक्र्ति के चक्र का हिस्सा है लेकिन प्रक्र्ति उनको शहर मे ही या सोसाइटी मे ही रखने को नहीं कहती है I शहरीकरण मे जानवरो के लिए विशिस्ट स्थानो को बने जाता है I

कुतर्क : कुत्ता प्रेमी मानवता वादी है

तथ्य : अधिकांश कुत्ता प्रेमी कुत्तो के लिए लड़ते लड़ते लोगो के साथ हिंसक हो जाते है या फिर उनको बद्दूयाए देने लगते है वो अभद्र तरीके से उनको प्रताड़ित करते है यहाँ ताकि पीड़ित लोगो के नियोक्ता कंपनियो को उन्हे निकालने के लिए दबाब बनाते है जिससे उनके मानवता वादी होने का तर्क सही साबित नहीं होता बल्कि ये लोग किसी विशेष लाभ के लिए ट्रेड ट्रोल्स कहे जाने चाहिए I

एन सी आर खबर ब्यूरो

हम आपके भरोसे ही स्वतंत्र ओर निर्भीक ओर दबाबमुक्त पत्रकारिता करते है I इसको जारी रखने के लिए हमे आपका सहयोग ज़रूरी है I अपना सूक्ष्म सहयोग आप हमे 9654531723 पर PayTM/ GogglePay /PhonePe या फिर UPI : 9654531723@paytm के जरिये दे सकते है एनसीआर खबर.कॉम दिल्ली एनसीआर का प्रतिष्ठित और नं.1 हिंदी समाचार वेब साइट है। एनसीआर खबर.कॉम में हम आपकी राय और सुझावों की कद्र करते हैं। आप अपनी राय,सुझाव और ख़बरें हमें mynews.ncrkhabar@gmail.com पर भेज सकते हैं या 09654531723 पर संपर्क कर सकते हैं। आप हमें हमारे फेसबुक पेज पर भी फॉलो कर सकते हैं

Related Articles

Back to top button