नई दिल्ली – नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (एनडीएमसी) ने नेहरू पार्क में एक आधुनिक व भव्य स्कल्प्चर पार्क तैयार करने के लिए पहला ठोस कदम उठाया है। परिषद के उपाध्यक्ष कुलजीत सिंह चहल ने इस परियोजना की प्रगति का जायजा लेने हेतु परिषद अध्यक्ष केशव चंद्रा, पद्मश्री कलाकार अद्वैत गडनायक तथा कई वरिष्ठ कलाकारों के साथ स्थल का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान सभी ने प्रस्तावित स्थान की संभावनाओं और तकनीकी पहलुओं पर विस्तृत चर्चा की। इसके बाद, स्कल्प्चर पार्क के लिए अंतिम स्थल तय करने हेतु एक विशेषज्ञ समिति गठित करने पर सर्वसम्मति बनी। यह समिति स्थल चयन, डिज़ाइन मानकों और सुरक्षा प्रोटोकॉल की देखरेख करेगी।
आगे की योजना के तहत, एनडीएमसी एक महीने तक चलने वाला सिम्पोजियम आयोजित करेगा, जिसमें देश भर के लगभग 15 प्रसिद्ध मूर्तिकार भाग लेंगे। इन कलाकारों को 10‑15 फीट ऊँची मूर्तियों को लाइव तैयार करने का अवसर मिलेगा, जिन्हें बाद में नेहरू पार्क के निर्धारित स्कल्प्चर पार्क क्षेत्र में स्थापित किया जाएगा। इस पहल से न केवल सार्वजनिक स्थान का सौंदर्यात्मक मान बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय कलाकारों को एक व्यापक मंच भी मिलेगा।
एनडीएमसी ने मई 2025 में कला एवं संस्कृति को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से आर्ट एंड कल्चर विभाग की स्थापना की थी और इस वर्ष के लिए 40 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है। साथ ही, अर्बन आर्ट्स एंड कल्चर फोरम भी गठित किया गया है, जो सांस्कृतिक कार्यक्रमों का योजना‑निर्माण एवं कार्यान्वयन करेगा।

परिषद के उपाध्यक्ष चहल ने कहा, “यह पहल प्रधानमंत्री के ‘विकसित भारत @2047’ विज़न के अनुरूप है। हमारे जिले को एक जीवंत सांस्कृतिक जिला में बदलना न केवल स्थानीय कलाकारों को प्रेरित करेगा, बल्कि पर्यटन को भी नई दिशा देगा।”
स्थानीय जनसामान्य के बीच इस परियोजना को लेकर सकारात्मक प्रत्याशा देखी जा रही है। कई नागरिक ने टिप्पणी की, “बच्चों के साथ यह नया सार्वजनिक कला स्थल देखना एक अनोखा अनुभव होगा। यह हमारे शहर की पहचान को और मजबूत करेगा।”
एनडीएमसी ने आश्वासन दिया है कि सिम्पोजियम के दौरान सभी सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन किया जाएगा और अंतिम रूप से स्थापित मूर्तियों का रख‑रखाव भी एक स्थायी व्यवस्था के तहत सुनिश्चित किया जायेगा।


