राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) में 30 जनवरी को पल्स एक्स हेल्थकेयर समिट का आयोजन होगा। इस समिट का उद्देश्य देशभर के 50 हेल्थकेयर स्टार्टअप्स के लिए समस्याओं के समाधान, फंडिंग और पेटेंट आदि के साथ-साथ उन्हें नई डिवाइस, दवाइयां और उपकरण विकसित करने में सहायता प्रदान करना होगा। यह समिट सरकारी अस्पताल में प्रदेश की पहली तरह की घटना होगी, जहां मुख्य रूप से स्टार्टअप्स के लिए फंडिंग और मेंटरिंग की चर्चा होगी।
समिट के मुख्य उद्देश्य
समिट का संचालन जिम्स के इंक्य�ूबेशन सेंटर करेगा, जबकि इसमें ईजी नॉलेज क्लब सहयोगी के रूप में शामिल होगा। इसमें 30 मेंटर (डॉक्टर, वैज्ञानिक और इंजीनियर), 20 इंवेस्टर और 50 स्टार्टअप्स के प्रतिनिधित्व होगा। जिम्स के अधिकारियों ने बताया कि इस इवेंट में स्टार्टअप्स द्वारा उत्पन्न उत्पादों के जरिए उन्हें कैसे फंडिंग और प्रायोगिकीय परीक्षण (क्लिनिकल ट्रायल) सुविधा प्रदान की जाएगी, इस पर चर्चा होगी।
फंडिंग से लेकर पेटेंट तक
समिट में शामिल होने वाले 20 इंवेस्टर्स 50 स्टार्टअप्स के साथ विस्तृत चर्चा करेंगे और उनमें किस स्टार्टअप को कितनी राशि के साथ फंडिंग उपलब्ध कराने का निर्णय लेंगे। समिट के बाद तैयार किए उत्पादों का क्लिनिकल ट्रायल भी जिम्स में ही होगा, जिसके बाद उन्हें पेटेंट दिए जाएंगे। इस प्रक्रिया में मेंटर्स के महत्वपूर्ण योगदान की भी उम्मीद है।
30 मेंटर्स-जिनमें चिकित्सा, वैज्ञानिक और इंजीनियरिंग के विशेषज्ञ शामिल होंगे-कमरे के हर स्तर पर स्टार्टअप्स की मेंटरिंग करेंगे। वे एक स्वतंत्र निर्देशात्मक ढांचा प्रदान करेंगे, जिससे नए उत्पादों के विकसित होने में सहायता मिलेगी।



