उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ कैबिनेट ने आगामी वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए नई आबकारी नीति को मंजूरी दे दी है। नई नीति के तहत एक अप्रैल से देशी शराब के दामों में बढ़ोतरी होगी, जबकि अन्य श्रेणियों की शराब की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
देशी शराब के दामों में वृद्धि
नई नीति के अनुसार, एक अप्रैल से देशी शराब की कीमतों में लगभग 5 रुपये प्रति बोतल की वृद्धि होने जा रही है। विशेष रूप से 36% अल्कोहल वाली देशी शराब की कीमतों में संशोधन किया गया है। जानकारी के मुताबिक, अब तक 165 रुपये में मिलने वाली देशी शराब की बोतल अब 173 रुपये में मिलेगी। हालांकि, अन्य किस्म की शराब के दामों में कोई संशोधन नहीं किया गया है।
शहरी क्षेत्रों में कोटा घटाया जाएगा
नई आबकारी नीति में शहरी क्षेत्रों में देशी शराब के कोटे में कमी का भी प्रावधान है। शहरी क्षेत्रों में दुकानों का देशी शराब का कोटा घटाया जाएगा, जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में इसे यथावत रखा गया है। इस कदम का उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में शराब की उपलब्धता को नियंत्रित करना बताया जा रहा है।
फुटकर दुकानों का आवंटन ई-लॉटरी के माध्यम से
फुटकर दुकानों के आवंटन की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए इस बार भी ई-लॉटरी के जरिए आवंटन किया जाएगा। इससे पहले भी प्रदेश में शराब की दुकानों के आवंटन में ई-लॉटरी प्रणाली का इस्तेमाल किया जा रहा था, जिसे इस बार भी जारी रखा गया है।
वित्तीय वर्ष की शुरुआत से लागू होगी नीति
नई आबकारी नीति एक अप्रैल 2024 से प्रभावी होगी और अगले वित्तीय वर्ष के लिए लागू रहेगी। राज्य सरकार का उद्देश्य इस नीति के माध्यम से राजस्व संग्रह को बढ़ाना और शराब की बिक्री को नियंत्रित करना है।
क्या हैं नई नीति के प्रमुख बिंदु:
एक अप्रैल से देशी शराब के दामों में लगभग 5 रुपये की वृद्धि।
36% अल्कोहल वाली देशी शराब 165 रुपये से बढ़कर 173 रुपये हो सकती है।
अन्य किस्म की शराब के दामों में कोई बदलाव नहीं।
शहरी क्षेत्रों में देशी शराब के कोटे में कमी।
फुटकर दुकानों का आवंटन ई-लॉटरी के जरिए होगा।
नई आबकारी नीति के लागू होने के साथ ही प्रदेश में शराब की दुकानों का संचालन और बिक्री प्रक्रिया में बदलाव देखने को मिलेगा।


