वर्षों से प्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लोकार्पण का कष्ण अब पास आ गया है। जेवर विधानसभा क्षेत्र के विधायक धीरेन्द्र सिंह ने दावा किया है कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना का उद्घाटन आगामी 28 या 29 मार्च को प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की गरिमामयी उपस्थिति में हो सकता है। विधायक ने इस ऐतिहासिक कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने के लिए प्रस्तावित सभा स्थल और वहां तक पहुंचने वाले प्रमुख मार्गों का अधिकारियों के साथ निरीक्षण किया।
तैयारियों का जायजा, अतिथियों की सुविधा पर जोर निरीक्षण के दौरान, जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह ने संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि कार्यक्रम के दौरान आने वाले अतिथियों और लाखों की संख्या में पहुंचने वाले आमजन को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने सभा स्थल की व्यवस्थाओं, पार्किंग प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था और यातायात की सुगम व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया। सिंह ने जोर दिया कि सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूर्ण कर ली जाएं।

उद्घाटन तिथि पर अटकलें और यमुना प्राधिकरण की चुप्पी
हाल ही में, एयरपोर्ट के उद्घाटन के लिए नवरात्रों में 24 या 25 मार्च की तिथि की चर्चा थी, किंतु अब स्वयं भाजपा विधायक द्वारा 28 या 29 मार्च की घोषणा से लगभग स्पष्ट हो गया है कि लोकार्पण इस नई तिथि के आसपास ही होगा। चूंकि 29 मार्च को रविवार है, ऐसे में यह संभावना प्रबल है कि इसी दिन उद्घाटन किया जाए ताकि अधिक से अधिक संख्या में लोग इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बन सकें।
हालांकि, इस पूरे प्रकरण पर यमुना प्राधिकरण के अधिकारी अभी भी कुछ भी स्पष्ट बोलने से बच रहे हैं। वे ऐसी सभी तिथियों को ‘मीडिया की चर्चा’ बता रहे हैं, जिससे उद्घाटन की अंतिम तिथि को लेकर थोड़ी अनिश्चितता बनी हुई है। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या 29 मार्च को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन होगा, या फिर यह नई तिथि भी केवल एक चर्चा बनकर रह जाएगी।
नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की प्रमुख विशेषताएं
गौतम बुद्ध नगर के जेवर इलाके में बन रहा यह हवाई अड्डा राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र को भारत और विदेशों के प्रमुख शहरों से जोड़ेगा। हवाई अड्डे का विकास चार चरणों में किया जा रहा है, जिसमें पहले चरण का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है।
पहला चरण: इसमें एक रनवे और एक यात्री टर्मिनल भवन शामिल है, जिसकी वार्षिक क्षमता लगभग 1.2 करोड़ यात्रियों की होगी।
दूसरा चरण: इस चरण में क्षमता बढ़ाकर 3 करोड़ यात्रियों तक की जाएगी।
अंतिम लक्ष्य: तीसरे और चौथे चरण में विस्तार के साथ, कुल क्षमता को 7 करोड़ यात्रियों तक पहुंचाने का लक्ष्य है।
पहले चरण में निर्मित टर्मिनल भवन का क्षेत्रफल लगभग 1.38 लाख वर्ग मीटर होगा, जिसमें अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इसमें 48 चेक-इन काउंटर, नौ सुरक्षा जांच लेन और नौ आव्रजन काउंटर होंगे। यात्रियों की सुविधा के लिए घरेलू और अंतरराष्ट्रीय लाउंज भी विकसित किए जा रहे हैं। हवाई अड्डे पर 10 एयरोब्रिज और 28 विमान पार्किंग स्टैंड की व्यवस्था की गई है। रनवे को प्रति घंटे लगभग 30 उड़ान संचालन की क्षमता के साथ विकसित किया गया है। इसके अतिरिक्त, हवाई अड्डे परिसर के भीतर एक आधुनिक कार्गो और लॉजिस्टिक्स हब भी विकसित किया जा रहा है, जो क्षेत्र में व्यापार और वाणिज्य को बढ़ावा देगा।
क्षेत्र के लोगों में इस ऐतिहासिक अवसर को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है और सभी की निगाहें अब उस दिन पर टिकी हैं, जब देश के प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की उपस्थिति में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का औपचारिक लोकार्पण होगा। यह न केवल नोएडा गौतमबुद्ध नगर, बल्कि पूरे उत्तर भारत के लिए एक नए युग की शुरुआत का प्रतीक होगा।


