दिल्ली-एनसीआर में मंगलवार को हुई मूसलाधार बारिश ने जहां लोगों को चिलचिलाती गर्मी से राहत दी, वहीं प्रशासनिक दावों और बुनियादी ढांचे की पोल भी खोल कर रख दी। नोएडा के सेक्टर-16 मेट्रो स्टेशन के पास एक बड़ा हादसा हुआ, जबकि ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक क्षेत्रों में भारी जलभराव के कारण कामकाज ठप पड़ गया।
सेक्टर-16 में हादसा,नोएडा प्राधिकरण के दावों की खुली पोल, जलमग्न हुए औद्योगिक सेक्टर
बारिश के दौरान नोएडा के सेक्टर-16 मेट्रो स्टेशन के पिलर के नीचे बना डिवाइडर अचानक भरभराकर ढह गया। इस हादसे में एक व्यक्ति के घायल होने की सूचना है, जिसे तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद स्टेशन के नीचे भारी जाम की स्थिति बन गई। सूचना मिलते ही ट्रैफिक पुलिस, संबंधित थाने के एसएचओ और एसीपी ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। नोएडा प्राधिकरण के अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे और नुकसान का आकलन शुरू किया।
वहीं महामाया फ़्लाइओवर के पास बने जंगल ट्रेल के पास बने यु टर्न में भी पानी भरने के कारण कई गाड़ियाँ ख़राब हो गयी लोगो को रोंग साइड जाकर गाड़ियाँ निकलनी पड रही है I तो यह वोड़ा महादेव से लेकर सेंचुरी अपार्टमेंट्स( सेक्टर-100 )तक सड़क अस्थाई जलाशय में बदल गया, लोगो ने सोशल मीडिया पर नोएडा प्राधिकरण से यहां पर नाव की व्यवस्था करने की मांग की है।
नोएडा के सेक्टर-6 से लेकर सेक्टर-10 तक की सड़कों पर भारी जलभराव देखने को मिला। नोएडा एंटरप्रेन्योर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन मल्हन के अनुसार, बारिश का पानी फैक्ट्रियों के गेट तक पहुंच गया है, जिससे कामकाज में बाधा आ रही है। कई उधमियो ने प्राधिकरण के जल और सीवर विभाग पर समय से सीवर साफ़ न करने के आरोप लगाये तो कई ने 15 जुलाई तक हो रहे नालो की सफाई को बड़ा घोटाला बता दियाI

समाजसेवियों और स्थानीय लोगों ने उठाए सवाल
स्थानीय समाजसेवियों का आरोप है कि नोएडा प्राधिकरण और सीवर विभाग ने 15 जुलाई तक नालों की सफाई का दावा किया था, लेकिन हकीकत इसके उलट है। बारिश के बाद भी कई दिनों तक सफाई का दिखावा किया गया, लेकिन जल निकासी की व्यवस्था जस की तस बनी हुई है।
प्राधिकरण के ओएसडी इंदु प्रकाश ने भी वर्क सर्किल 3 में अमृत कंस्ट्रक्शन कम्पनी के विरुद्ध कार्य ठीक से न करने का नोटिस जारी किया है और सही से कार्य करने की चतावनी दी है।
ग्रेटर नोएडा का औद्योगिक सेक्टर ‘इकोटेक-3’ फिर बना तालाब
ग्रेटर नोएडा का औद्योगिक सेक्टर ‘इकोटेक-3’ एक बार फिर तालाब में तब्दील हो गया। सड़कों पर दो से तीन फीट तक पानी भर जाने के कारण कई वाहन बीच रास्ते में ही खराब हो गए। स्थानीय उद्यमियों का कहना है कि प्राधिकरण द्वारा नालों की सफाई पर करोड़ों रुपये खर्च करने के दावे बारिश में बह गए हैं।
दिल्ली और एनएच-8 पर यातायात प्रभावित
राजधानी दिल्ली में भी बारिश के कारण जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। जनपथ रोड और शंकर विहार जैसे निचले इलाकों में भारी पानी भर गया। इसका सीधा असर राष्ट्रीय राजमार्ग-8 (NH-8) पर देखने को मिला, जहां वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। बुराड़ी इलाके में भी सड़कें जलमग्न होने से बच्चों को स्कूल जाने और नौकरीपेशा लोगों को दफ्तर पहुंचने में भारी मशक्कत करनी पड़ी।
मौसम विभाग का अनुमान
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर के कई इलाकों में तेज बारिश का सिलसिला अभी जारी रह सकता है। विभाग ने आज रात 8 बजे तक शहर के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश की संभावना जताई है। हालांकि इसके बाद स्थिति में सुधार हो सकता है, लेकिन आने वाले दिनों में बारिश का दौर रुक-रुक कर जारी रहने का अनुमान है।
प्रशासन ने नागरिकों को जलभराव वाले रास्तों से बचने और सावधानी बरतने की सलाह दी है। ट्रैफिक पुलिस स्थिति को सामान्य करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।



