ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा स्थित मैसर्स अनमोल इंडस्ट्रीज लिमिटेड में कर्मचारियों ने आज दूसरे दिन भी उत्पादन कार्य करते हुए काली पट्टी बांधकर अपना शांतिपूर्ण विरोध जारी रखा। श्रमिक अपनी लंबित मांगों और राज्य सरकार द्वारा घोषित महंगाई भत्ते के भुगतान न होने को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर कर रहे हैं।
अनमोल इंडस्ट्रीज इम्प्लॉई यूनियन, गौतमबुद्ध नगर द्वारा कारखाना प्रबंधक को 24 जून 2026 को दी गई सूचना के अनुसार, यह विरोध प्रदर्शन 29 जून 2026 को संस्थान के मुख्य द्वार पर गेट मीटिंग के उपरांत प्रारंभ किया गया था।
यूनियन का कहना है कि उन्होंने 31 दिसंबर 2025 को संस्थान प्रबंधन को श्रमिकों की समस्याओं और मांगों का एक मांग-पत्र प्रस्तुत किया था। इस पर संस्थान स्तर पर वार्ता तो की गई, परंतु अभी तक कोई सम्मानजनक समझौता सम्पन्न नहीं किया गया है। इसके अतिरिक्त, प्रदेश सरकार द्वारा अप्रैल 2026 के लिए घोषित महंगाई भत्ते (DA) का भुगतान भी कर्मचारियों को नहीं किया गया है।
यूनियन ने प्रबंधन पर आरोप लगाया है कि उनकी मांगों से ध्यान हटाने के उद्देश्य से उकसावेपूर्ण कार्यवाही की जा रही है। प्रबंधन अकुशल श्रमिकों से अर्धकुशल का और अर्धकुशल श्रमिकों से कुशल श्रमिकों का कार्य करा रहा है, जिससे कारखाने में दक्षता (एफिशिएंसी), टूट-फूट (ब्रोकन), लेमिनेट वेस्टेज का नुकसान हो रहा है और सुरक्षा (सेफ्टी) से भी समझौता किया जा रहा है।

कर्मचारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक यूनियन के मांग-पत्र पर एक सम्मानजनक समझौता नहीं हो जाता और सरकार द्वारा घोषित अप्रैल 2026 के महंगाई भत्ते का लाभ कर्मचारियों को नहीं मिलता, तब तक यह काली पट्टी बांधकर विरोध जारी रहेगा।
यूनियन ने कहा है कि यदि संस्थान स्तर पर प्रबंधन द्वारा सकारात्मक वार्ता कर सम्मानजनक समाधान निकाला जाता है, तो उसका स्वागत किया जाएगा, अन्यथा मामले को आगे श्रम आयुक्त (लेबर कमिश्नर) के समक्ष उठाया जाएगा। यूनियन ने चेतावनी दी है कि इस शांतिपूर्ण विरोध के दौरान यदि कोई श्रम अशांति उत्पन्न होती है, तो उसकी पूरी जवाबदेही प्रबंधन की होगी।
इस विरोध प्रदर्शन की जानकारी सीटू जिला अध्यक्ष व अनमोल इंडस्ट्रीज इम्प्लॉई यूनियन के मुकेश कुमार द्वारा जारी की गई है।



